जबलपुर, खबर केसरी - संस्कारधानी जबलपुर स्थित रानी अवंति बाई लोधी सागर परियोजना (बरगी बांध) के कैचमेंट एरिया में लगातार हो रही बारिश के चलते बांध का जलस्तर क्षमता से अधिक हो गया है। जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए आज, 25 सितंबर की शाम 6 बजे बांध के जल द्वार (गेट) खोले जाएंगे, जिनसे 780 क्यूमेक पानी की निकासी की जाएगी। पानी छोड़े जाने के कारण मां नर्मदा के घाटों पर जलस्तर 3 से 4 फीट तक बढ़ने की संभावना है।
क्षमता से अधिक भरा बांध, 763 क्यूमेक आवक जारी
परियोजना प्रशासन के अनुसार, शुक्रवार (25 सितंबर) दोपहर 3 बजे बरगी बांध का जल स्तर 422.90 मीटर दर्ज किया गया। बांध की वास्तविक उपयोगी जल भंडारण क्षमता 3,180 एम.सी.एम. है, जबकि वर्तमान में यह क्षमता से अधिक होकर 3,217 एम.सी.एम. (101.16%) तक पहुंच चुका है। बांध के जलभराव क्षेत्र में जारी बारिश से वर्तमान में 763 क्यूमेक पानी की आवक (Inflow) हो रही है।
मौसम के पूर्वानुमान को देखते हुए लिया निर्णय
कैचमेंट एरिया में हो रही बारिश और मौसम विभाग के आगामी पूर्वानुमान को ध्यान में रखते हुए नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण (NVDA) और बांध प्रबंधन ने आज शाम 6 बजे से जल द्वार खोलकर पानी निकालने का निर्णय लिया है। प्रशासन का कहना है कि बांध में पानी की आवक को देखते हुए पानी छोड़ने की मात्रा को आवश्यकतानुसार घटाया या बढ़ाया जा सकता है।
तटीय क्षेत्रों के रहवासियों से सुरक्षित दूरी बनाने की अपील
नर्मदा नदी के जलस्तर में 3 से 4 फीट की संभावित वृद्धि को देखते हुए परियोजना प्रशासन और पुलिस-प्रशासन ने निचले इलाकों में रहने वाले नागरिकों तथा नर्मदा घाटों पर आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है।
- नर्मदा के तटीय और डूब वाले क्षेत्रों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें।
- जलभराव वाले घाटों और गहरे पानी के समीप जाने से बचें।
- स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा बलों द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।
