जबलपुर (खबर केसरी) - शरद पूर्णिमा के पावन अवसर पर विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल भेड़ाघाट में आगामी 24 और 25 अक्टूबर को दो दिवसीय 'नर्मदा महोत्सव' का भव्य आयोजन किया जाएगा। महोत्सव की तैयारियों को लेकर कलेक्ट्रेट सभाघर में लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक संपन्न हुई।
प्राकृतिक सुंदरता से समझौता नहीं: सफ़ेद रोशनी में निखरेगी संगमरमर की छटा
बैठक के दौरान मंत्री राकेश सिंह ने निर्देश दिए कि भेड़ाघाट की मूल पहचान और प्राकृतिक सुंदरता से कोई समझौता न किया जाए। आयोजन स्थल पर विद्युत साज-सज्जा के लिए केवल सफ़ेद (White) या ऑफ-व्हाइट (Off-white) लाइटों का ही इस्तेमाल होगा, ताकि दूधिया रोशनी में संगमरमरी चट्टानों का प्राकृतिक सौंदर्य निखर कर सामने आए।
सांस्कृतिक कार्यक्रम और अन्य आकर्षण:
- संगीत संध्या: महोत्सव में भजन, सूफी, शास्त्रीय और सेमी-क्लासिकल संगीत की प्रस्तुतियों को प्राथमिकता दी जाएगी।
- फूड फेस्टिवल व प्रतियोगिताएँ: स्थानीय व्यंजनों के स्वाद के लिए फूड फेस्टिवल लगेगा, वहीं स्कूली बच्चों के लिए पेंटिंग व रंगोली प्रतियोगिताएँ आयोजित की जाएँगी।
- शटल वाहन सुविधा: पार्किंग स्थल से मुख्य कार्यक्रम स्थल तक दर्शकों और पर्यटकों की आवाजाही के लिए मुफ़्त/विशेष शटल गाड़ियों का प्रबंध किया जाएगा।
सुरक्षा और यातायात के कड़े इंतज़ाम
कार्यक्रम स्थल, धुआँधार जलप्रपात, पार्किंग एरिया और प्रवेश द्वारों पर पुलिस बल की तैनाती के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही माँ नर्मदा के तटों पर सुरक्षा के मद्देनज़र गोताखोरों की टीम तैनात रहेगी। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड और सिटी बसों के माध्यम से 15 दिन पहले से ही महोत्सव का व्यापक प्रचार-प्रसार शुरू किया जाएगा।
बैठक में सांसद आशीष दुबे, महापौर जगत बहादुर सिंह 'अन्नू', विधायक सुशील तिवारी 'इंदू', कलेक्टर राघवेंद्र सिंह, एसपी संपत उपाध्याय समेत ज़िले के तमाम वरिष्ठ जनप्रतिनिधि व प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
